Operation Lion Roar: खामेनेई के घर पर हमला, सामने आयी तस्वीर

अजमल शाह
अजमल शाह

अमेरिका और इजरायल के संयुक्त अभियान ‘Operation Lion Roar’ के तहत तेहरान में ईरान के सर्वोच्च नेता Ali Khamenei के आधिकारिक कार्यालय परिसर को निशाना बनाए जाने की खबर ने पश्चिम एशिया की भू-राजनीति में बिजली दौड़ा दी है।

सैटलाइट तस्वीरों में राजधानी Tehran के मध्य स्थित संवेदनशील क्षेत्र में व्यापक नुकसान दिखाया गया है। हालांकि ईरान का दावा साफ है, शीर्ष नेतृत्व सुरक्षित है, पहले ही गुप्त स्थानों पर शिफ्ट कर दिया गया था।

ईरान का जवाब: “नेतृत्व सुरक्षित, सिस्टम सक्रिय”

ईरानी अधिकारियों ने कहा कि सर्वोच्च नेता, राष्ट्रपति, संसद स्पीकर, मुख्य न्यायाधीश, राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के सचिव और सेना प्रमुख सभी सुरक्षित और सक्रिय हैं।

ईरानी मीडिया ने पुष्टि की कि हमला होने से पहले ही सुरक्षा प्रोटोकॉल लागू कर दिए गए थे। राजनीतिक संदेश स्पष्ट है “हम यहां हैं, और नियंत्रण में हैं।”

हमला कितना बड़ा? सैन्य से ज्यादा राजनीतिक

इजरायली मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, कार्रवाई में मंत्रियों और सैन्य प्रमुखों के आवास, रक्षा और खुफिया मंत्रालय से जुड़े ठिकानों को भी निशाना बनाया गया। विश्लेषकों का मानना है कि सर्वोच्च नेता के कार्यालय पर प्रहार केवल भौतिक हमला नहीं, बल्कि सत्ता की प्रतीकात्मक दीवार पर दस्तक है।

यह संदेश है, सिर्फ मिसाइल नहीं।

तेहरान से तबरीज तक: धमाकों की गूंज

राजधानी के अलावा देश के कई प्रमुख शहरों में विस्फोटों की आवाजें सुनी गईं। शुरुआती फोकस इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स की सैन्य इकाइयों और रणनीतिक ठिकानों पर बताया जा रहा है।

तेहरान के डाउनटाउन इलाके में अब भारी सुरक्षा बल तैनात हैं। आधिकारिक नुकसान आकलन अभी जारी है।

हाई अलर्ट मोड: एयरस्पेस बंद, बयान गरम

ईरान ने राष्ट्रीय स्तर पर हाई अलर्ट घोषित कर दिया है। हवाई क्षेत्र अस्थायी रूप से बंद किया गया है। सरकारी बयान में इस हमले को “कायरतापूर्ण” बताया गया और जवाब “कुचल देने वाला” होने की चेतावनी दी गई है।

कूटनीतिक भाषा अक्सर धीमी होती है। यह बयान नहीं था। यह गरज थी।

दहाड़ की राजनीति

‘Operation Lion Roar’ नाम अपने आप में कथा रचता है। शेर की दहाड़ सिर्फ आवाज नहीं, क्षेत्र चिन्हित करने की रणनीति भी होती है।

यह हमला सैन्य समीकरण बदलने से ज्यादा, राजनीतिक ध्रुवीकरण को तेज कर सकता है। सवाल अब सिर्फ यह नहीं कि क्या नष्ट हुआ। सवाल यह है कि किस स्तर पर संदेश भेजा गया। कभी कभी युद्ध बम से कम और प्रतीकों से ज्यादा लड़ा जाता है।

Middle East की राजनीति शतरंज नहीं, 4D शतरंज है। हर चाल का ripple effect कई महाद्वीपों तक जाता है।

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